60 के दशक का संगीतकर, 18 सालों तक सीने से लगाए रखी एक धुन; जब किशोर-लता की आवाज में रिलीज हुई तो मच गया तहलका
म्यूजिक कंपोजर रवि शंकर शर्मा ने तीन दशकों से अधिक समय तक बॉलीवुड के लिए संगीत रचा, लेकिन वे अपने गानों जितने प्रaसिद्ध नहीं हो पाए।

वंदे न्यूज़ संवाददाता: हिंदी सिनेमा के दिग्गज संगीतकार रवि शंकर शर्मा (रवि) ने अपने करियर में कई सदाबहार गीत दिए, लेकिन उनकी एक धुन ऐसी भी थी जिसे उन्होंने करीब 18 साल तक संभालकर रखा। जब इस धुन को आखिरकार फिल्म में जगह मिली और किशोर कुमार व लता मंगेशकर की आवाज़ मिली, तो यह गीत रिलीज़ होते ही सुपरहिट साबित हुआ।
बिना संगीत सीखे बने दिग्गज संगीतकार
रवि ने संगीत की कोई औपचारिक शिक्षा नहीं ली थी। मुंबई आने के बाद उन्होंने संगीतकार हेमंत कुमार के सहायक के रूप में काम किया और अपनी प्रतिभा के दम पर पहचान बनाई। फिल्म 'नागिन' (1954) की मशहूर बीन की धुन तैयार करने का श्रेय भी रवि को ही दिया जाता है।
1957 में बनी, लेकिन फिल्म में नहीं मिली जगह
साल 1957 में फिल्म 'एक साल' के लिए रवि ने एक खूबसूरत धुन तैयार की थी, लेकिन रचनात्मक कारणों से वह गीत फिल्म का हिस्सा नहीं बन सका। रवि को अपनी इस धुन पर पूरा भरोसा था, इसलिए उन्होंने इसे वर्षों तक सुरक्षित रखा।

18 साल बाद मिला सही मौका
करीब 18 साल बाद, साल 1975 में फिल्म 'एक महल हो सपनों का' के लिए इस धुन का इस्तेमाल किया गया। गीतकार साहिर लुधियानवी के बोल और रवि के संगीत से सजा गीत "दिल में किसी के प्यार का जलता हुआ दीया" किशोर कुमार और लता मंगेशकर की आवाज़ में रिकॉर्ड किया गया।
रिलीज़ होते ही बन गया सदाबहार गीत
धर्मेंद्र और शर्मीला टैगोर पर फिल्माया गया यह रोमांटिक गीत दर्शकों के बीच बेहद लोकप्रिय हुआ। शानदार संगीत, भावपूर्ण बोल और किशोर-लता की आवाज़ ने इस गीत को हिंदी सिनेमा के सदाबहार रोमांटिक गीतों की सूची में शामिल कर दिया। आज भी यह गीत संगीत प्रेमियों की पसंद बना हुआ है।